प्रबंधन की लापरवाही उजागर, मजदूरों की सुरक्षा पर उठे सवाल
DNH के दादरा गांव स्थित औद्योगिक क्षेत्र ‘कोणार्क उद्योग भवन-2’ में स्थित परफेक्ट पॉलिमर्स इंडस्ट्रीज में होली के दिन एक मजदूर की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मृतक के परिजनों ने इस घटना को हत्या बताते हुए न्याय की मांग की, जिसके बाद प्रशासन ने कंपनी को नोटिस जारी कर उसे सील कर दिया है।


क्या हुआ था घटनास्थल पर?
होली-धुलेटी के दिन कंपनी में छुट्टी थी, लेकिन दो मजदूर अंदर ही रह रहे थे। इन्हीं में से ललन सोफिक साहनी (30 वर्ष) की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। अन्य मजदूरों ने इस घटना की सूचना कंपनी प्रबंधन और पुलिस को दी। जब पुलिस मौके पर पहुंची तो शव खून से लथपथ पड़ा था, जिससे हत्या की आशंका और गहरा गई।


प्रशासन की बड़ी कार्रवाई
मृतक के परिवार वालों के विरोध और न्याय की मांग को देखते हुए प्रशासन ने तुरंत एक्शन लिया। सेलवास SDM अमित कुमार ने इस फैक्ट्री को सील करने का आदेश जारी कर दिया। वहीं, पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कंपनी प्रबंधन की लापरवाही उजागर!
- सुरक्षा के कोई इंतजाम क्यों नहीं?
- मजदूरों की सुरक्षा को लेकर कंपनी कितनी गंभीर थी, यह इस घटना से साफ हो गया है। कंपनी परिसर में मजदूर की मौत होना और प्रबंधन का तुरंत जवाब न देना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है।
- यदि यह हत्या है, तो सवाल उठता है कि कंपनी के अंदर किसी बाहरी व्यक्ति की एंट्री कैसे हुई?
- कंपनी के CCTV और सुरक्षा इंतजामों की भी जांच होनी चाहिए।
मजदूरों की जिंदगी सस्ती है क्या?
दादरा और सिलवासा के औद्योगिक क्षेत्रों में हजारों मजदूर काम करते हैं, लेकिन उनकी सुरक्षा की कोई गारंटी नहीं। अगर कंपनी में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होते, तो क्या यह घटना होती?
प्रशासन को अब सख्त कदम उठाने की जरूरत है, ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों और मजदूरों की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले उद्योगपतियों की जवाबदेही तय की जाए।






