

वापी GIDC की Hema Dychem प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में उस वक्त अफरातफरी मच गई जब लीकेज टेस्टिंग के दौरान एक टैंक का निचला हिस्सा तेज धमाके के साथ फट गया।
टेस्टिंग वक़्त टैंक पर वैक्यूम प्रेशर डाला जा रहा था और अचानक हुए विस्फोट ने आसपास की फैक्ट्रियों में काम कर रहे मज़दूरों को भी दहशत में ला दिया। धमाके की गूंज इतनी तीव्र थी कि तुरंत आसपास की यूनिट्स के लोग घटनास्थल पर पहुंच गए।
कंपनी प्रबंधन ने दावा किया है कि कोई जानहानी नहीं हुई, लेकिन इस घटना ने फैक्ट्री की सेफ्टी प्रक्रियाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर इतनी बड़ी यूनिट में टेस्टिंग के दौरान सुरक्षा के क्या इंतजाम थे? क्या सेफ्टी बफर ज़ोन था? क्या कर्मचारियों को जानकारी दी गई थी?

GIDC और औद्योगिक सुरक्षा अधिकारी अपनी टीमों के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी है। पर सवाल ये है कि क्या ये जांच भी बाकी हादसों की तरह केवल कागजों तक सीमित रह जाएगी?
घटना का विवरण:
- दोपहर करीब 2:30 बजे लीकेज टेस्टिंग प्रक्रिया चल रही थी
- अचानक टैंक का निचला हिस्सा फटने से भीषण धमाका हुआ
- धमाके की आवाज आसपास की कई फैक्ट्रियों में सुनाई दी
- कर्मचारियों में दहशत फैल गई, सभी बाहर की ओर भागे
प्रशासन की त्वरित कार्रवाई:
- जीआईडीसी प्रशासन और औद्योगिक सुरक्षा अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया
- कंपनी प्रबंधन ने बताया कि सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन किया गया था
- घटना के कारणों की जांच के लिए तकनीकी टीम गठित की गई






